गर्भावस्था का पता लगाने के लिए मैं कितनी जल्दी प्रेग्नेंसी टेस्ट कर सकती हूं?

यह इस बात पर निर्भर करता है कि आप कौन सी गर्भावस्था जांच किट इस्तेमाल करती हैं। सभी गर्भावस्था जांचों में शरीर में गर्भावस्था हॉर्मोन ह्यूमन कोरिओनिक गोनाडोट्रॉफिन (hCG) की मात्रा को मापा जाता है। घर पर की जाने वाली गर्भावस्था जांच में भी पेशाब में एच.सी.जी. की मौजूदगी का पता लगाया जाता है।

कुछ गर्भावस्था जांच किट दूसरों की तुलना में अधिक संवेदनशील होती हैं। अधिक संवेदनशील जांच किट एच.सी.जी. के कम स्तर का भी पता लगा लेती हैं। ऐसी जांच किट माहवारी की नियत तिथि से चार दिन पहले या गर्भाधान के सात दिन बाद ही एच.सी.जी. की मौजूदगी की पुष्टि कर सकती हैं।

गर्भावस्था जांच किट की पैकेजिंग पर उसकी संवेदनशीलता के बारे में एम.आई.यू./एम.एल. (मिली इंटरनेशनल यूनिट प्रति मिलीलीटर) में दिया गया होता है। गर्भावस्था की जांच किटों की संवेदनशीलता 10 एम.आई.यू./एम.एल. से 40 एम.आई.यू./एम.एल. के बीच होती है। यह संख्या जितनी कम होगी, जांच किट उतनी ही अधिक संवेदनशील होती है, और यह काफी शुरुआत में ही गर्भावस्था का पता लगा सकती है।

अगर आप गर्भावस्था की बिल्कुल शुरुआत में ही जांच करें, तो आपके पेशाब में एच.सी.जी. की मात्रा इतनी अधिक नहीं होगी। ऐसे में संवेदनशील जांच किट से भी इसका पता नहीं लग सकता। इस तरह, यदि झूठा नेगेटिव परिणाम (फाल्स नेगेटिव), यानि आपके गर्भवती होने पर भी जांच परिणाम नेगेटिव आए, तो यह काफी तनावपूर्ण हो सकता है।

यदि माहवारी की नियत तिथि के समय, यानि कि डिंबोत्सर्जन के करीब दो सप्ताह बाद, गर्भावस्था की जांच की जाए, तो अधिकांश प्रेग्नेंसी टेस्ट सटीक परिणाम देते हैं।

जांच परिणाम नेगेटिव आने के भी कई कारण हो सकते हैं। हो सकता है आप गर्भवती ही नहीं हों। या फिर संभव है कि आपने अपने अनुमान से काफी बाद में डिंबोत्सर्जन किया हो, और आपकी गर्भावस्था अभी इतनी आगे न बढ़ी हो, जितना आपने अनुमान लगाया हो।

माहवारी चूकने पर भी 10 में से एक महिला का एच.सी.जी. स्तर काफी कम हो सकता है। अगर, आपका जांच परिणाम नेगेटिव है, और फिर भी आपकी माहवारी न आए, तो तीन दिन बाद फिर से जांच करें। अगर, आप गर्भवती हुईं, तो तब तक हॉर्मोन का स्तर इतना बढ़ चुका होगा, कि जांच में इसका पता चल सके।

खून की जांच से भी एच.सी.जी. का पता लगाया जा सकता है। पेशाब की जांच की तुलना में खून की जांच अधिक संवेदनशील होती है और यह डिंबोत्सर्जन के करीब छह से आठ दिन बाद ही गर्भावस्था का पता लगा सकती है।

बहरहाल, आपको गर्भावस्था का पता लगाने के लिए खून की जांच करवाने के लिए तब तक नहीं कहा जाएगा, जब तक कि आपकी माहवारी न चूक जाए। इसके बाद भी चिकित्सकीय जरुरत पड़ने पर ही खून की जांच के लिए कहा जाता है।

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